IMF का सहारा या सुधार का मौका? कर्ज़ की मोहब्बत या मजबूरी की सज़ा — पाकिस्तान और IMF के रिश्ते की पूरी कहानी। 2026
सोचिए एक ऐसा रिश्ता, जिसमें एक तरफ़ जीवनरेखा हो और दूसरी तरफ़ धीरे-धीरे दम घोंटती शर्तें। एक ऐसा रिश्ता, जहां हर मुलाक़ात के बाद राहत की सांस तो मिलती है, लेकिन कुछ ही महीनों में हालात और ज़्यादा बिगड़ जाते हैं। पाकिस्तान और International Monetary Fund, यानी IMF का रिश्ता कुछ ऐसा ही बन चुका … Read more